२१. भविष्य का दृष्टिकोण और कार्रवाई का आह्वान
समय किसी के लिए नहीं रुकता और तकनीक का भस्मासुर अब हमारे नियंत्रण से बाहर जाने की स्थिति में है। आज हमारे पास अवसर है कि हम एक साथ आकर इस डिजिटल विकृति का प्रतिकार कर सकते हैं। यदि हम आज चुप रहे, तो कल चिल्लाने की शक्ति भी हमारे भीतर नहीं बचेगी। अश्लीलता ने हमारे घर की दीवारों को लाँघकर हमारे बच्चों के मन में प्रवेश कर लिया है। अब विचार करने का समय निकल गया है, अब केवल प्रहार का समय है। प्रत्येक अभिभावक, प्रत्येक शिक्षक और प्रत्येक नागरिक को इसके विरुद्ध युद्ध छेड़ना आवश्यक है।
